ग्वालियर जिले में 2356 बूथों पर बच्चों को पिलाई गई पल्स पोलियो की दवा
भूमिका
ग्वालियर – पल्स पोलियो अभियान के तहत ग्वालियर जिले में बनाए गए 2 हजार 356 बूथों पर रविवार को जन्म से 5 वर्ष के सभी बच्चों को जिंदगी की दो बूँद पिलाकर पोलियो रक्षा कवच पहनाया गया। जिले के जनप्रतिनिधिगण एवं वरिष्ठ अधिकारी विभिन्न पोलियो बूथों पर पहुँचे और बच्चों को पल्स पोलियो की दवा पिलाकर अभियान का शुभारंभ किया। पोलियो बूथ पर जो बच्चे पल्स पोलियो की दवा की खुराक लेने नहीं पहुँच पाए हैं उन्हें पल्स पोलियो अभियान के तहत 29 व 30 जून को घर-घर जाकर पोलियो रोधी दवा पिलाई जायेगी।
मुख्य तथ्य
ग्वालियर जिले में आयोजित इस पल्स पोलियो अभियान के तहत जिलेभर में कुल 2 हजार 356 पोलियो बूथ स्थापित किए गए। इन बूथों पर जन्म से लेकर 5 वर्ष तक के बच्चों को पोलियो रोधी दवा की खुराक पिलाई गई।
अभियान के दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने बच्चों को पोलियो से सुरक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से दवा पिलाई। अभियान में जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासनिक अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली।
जिन बच्चों ने 28 जून को पोलियो बूथों पर पहुँचकर दवा नहीं ली, उन्हें आगामी 29 एवं 30 जून को स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा घर-घर जाकर पोलियो रोधी खुराक प्रदान की जाएगी।
अभियान का शुभारंभ
अपर कलेक्टर श्री कुमार सत्यम ने सिविल डिस्पेंसरी ठाठीपुर में बच्चों को पोलियो की दवा पिलाकर अभियान का शुभारंभ किया। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे।
इसी प्रकार सिविल अस्पताल हजीरा में पार्षद श्रीमती अनीता प्रजापति ने बच्चों को जिंदगी की दो बूंद पिलाई और हजीरा क्षेत्र में पल्स पोलियो अभियान की शुरुआत की।
पूर्व विधायक श्री मुन्नालाल गोयल ने जिला चिकित्सालय मुरार में बच्चों को पल्स पोलियो की दवा पिलाकर अभियान में सहभागिता की।
इस दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सीमा जायसवाल, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. आर. के. गुप्ता सहित अन्य चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।
महत्वपूर्ण बिंदु
- ग्वालियर जिले में कुल 2356 पोलियो बूथ बनाए गए।
- जन्म से 5 वर्ष तक के बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई गई।
- 29 और 30 जून को घर-घर जाकर दवा पिलाई जाएगी।
- जिले के जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने अभियान का शुभारंभ किया।
- जिले में 3 लाख 30 हजार 399 बच्चों को दवा पिलाने का लक्ष्य रखा गया है।
- अभियान की निगरानी के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है।
विस्तृत जानकारी
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एम.एस. सागर ने जानकारी देते हुए बताया कि ग्वालियर जिले में इस बार पल्स पोलियो अभियान के तहत कुल 3 लाख 30 हजार 399 बच्चों को पोलियो रोधी दवा पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए जिलेभर में 2 हजार 356 बूथ स्थापित किए गए हैं, जहाँ स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने बच्चों को पोलियो की खुराक प्रदान की।
स्वास्थ्य विभाग ने यह भी सुनिश्चित करने के लिए विशेष व्यवस्था की है कि कोई भी बच्चा पोलियो रोधी दवा से वंचित न रहे। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए 29 और 30 जून को घर-घर जाकर विशेष अभियान संचालित किया जाएगा।
इस अभियान के दौरान स्वास्थ्यकर्मी उन सभी बच्चों तक पहुँचेंगे, जो किसी कारणवश रविवार को आयोजित बूथ आधारित कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सके।
जिले के विभिन्न पोलियो बूथों पर प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों तथा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की उपस्थिति में अभियान को संचालित किया गया।
अभियान की मॉनीटरिंग
पल्स पोलियो अभियान की प्रभावी मॉनीटरिंग के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों की ड्यूटी निर्धारित की गई है। अधिकारियों को विभिन्न क्षेत्रों में अभियान की प्रगति पर नजर रखने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
मॉनीटरिंग व्यवस्था का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार सभी बच्चों तक पोलियो की दवा पहुँच सके और अभियान सुचारू रूप से संचालित हो।
विश्लेषण
ग्वालियर जिले में आयोजित पल्स पोलियो अभियान में स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन के समन्वित प्रयास देखने को मिले। जिलेभर में बड़ी संख्या में बनाए गए पोलियो बूथों के माध्यम से बच्चों तक पोलियो रोधी दवा पहुँचाने का प्रयास किया गया।
अभियान में जनप्रतिनिधियों की सहभागिता से लोगों में जागरूकता बढ़ाने का प्रयास भी किया गया। वहीं छूटे हुए बच्चों के लिए घर-घर जाकर दवा पिलाने की व्यवस्था अभियान को और व्यापक बनाती है।
प्रभाव
इस अभियान के माध्यम से जिले के जन्म से 5 वर्ष तक के बच्चों को पोलियो से सुरक्षा प्रदान करने का प्रयास किया गया है।
घर-घर जाकर दवा पिलाने की व्यवस्था से उन बच्चों को भी लाभ मिलेगा, जो किसी कारणवश पोलियो बूथों तक नहीं पहुँच पाए। इससे अधिक से अधिक बच्चों को पोलियो रोधी खुराक उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी।
भविष्य की दिशा
स्वास्थ्य विभाग द्वारा 29 और 30 जून को घर-घर जाकर विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस दौरान स्वास्थ्य टीम प्रत्येक छूटे हुए बच्चे तक पहुँचने का प्रयास करेगी।
अभियान की सतत मॉनीटरिंग के माध्यम से निर्धारित लक्ष्य को प्राप्त करने का प्रयास किया जाएगा।
निष्कर्ष
ग्वालियर जिले में 2356 बूथों पर संचालित पल्स पोलियो अभियान के तहत बच्चों को पोलियो रोधी दवा पिलाई गई। स्वास्थ्य विभाग ने छूटे हुए बच्चों तक भी दवा पहुँचाने के लिए 29 और 30 जून को घर-घर अभियान चलाने की योजना बनाई है। अभियान की निगरानी के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों की ड्यूटी भी लगाई गई है। अधिक जानकारी के लिए राजधानी सामना तथा हमारा यूट्यूब चैनल देख सकते हैं।

