मेला प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री जादौन ने नशामुक्ति जागरूकता रथों को दिखाई हरी झंडी
भूमिका
ग्वालियर – सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग द्वारा अंतरराष्ट्रीय मादक द्रव्य दुरुपयोग एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस के अवसर पर आयोजित नशामुक्ति सप्ताह के अंतर्गत गुरुवार को नशामुक्ति जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। रैली का उद्देश्य युवाओं एवं आमजन में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता फैलाना तथा नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए जनसहभागिता को बढ़ावा देना था। नशामुक्ति जागरूकता रथ शहर के विभिन्न क्षेत्रों में घूमकर लोगों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत करायेगें।
मुख्य तथ्य
नशामुक्ति सप्ताह के तहत आयोजित इस नशामुक्ति जागरूकता रैली को ग्वालियर व्यापार मेला प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री अशोक जादौन ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में नशे के प्रति जागरूकता बढ़ाना और लोगों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराना था।
रैली के दौरान नशामुक्ति जागरूकता रथ शहर के विभिन्न क्षेत्रों में भ्रमण करेंगे और नागरिकों को नशे से होने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी देंगे। इस अभियान के माध्यम से युवाओं और आमजन को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
महत्वपूर्ण बिंदु
कार्यक्रम में अपर कलेक्टर श्री अनिल बनवारिया एवं रमन शिक्षा समिति के अध्यक्ष एवं समाजसेवी श्री हरिओम गौतम विशेष रूप से उपस्थित रहे। रैली को रवाना करने से पूर्व मुख्य अतिथि श्री अशोक जादौन ने उपस्थित लोगों को जीवन में किसी भी प्रकार का नशा न करने और दूसरों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने का संकल्प दिलाया।
उन्होंने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है। युवाओं को नशे से दूर रखकर ही स्वस्थ एवं सशक्त राष्ट्र का निर्माण किया जा सकता है।
विस्तृत जानकारी
अपर कलेक्टर श्री अनिल बनवारिया ने अपने संबोधन में कहा कि नशामुक्ति केवल सरकारी अभियान नहीं है, बल्कि यह एक सामाजिक आंदोलन है। उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग को इस दिशा में आगे आकर जनजागरूकता बढ़ानी होगी।
उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे नशे से दूर रहकर सकारात्मक गतिविधियों में भाग लें। इस प्रकार के अभियान समाज में सकारात्मक वातावरण के निर्माण में सहायक सिद्ध हो सकते हैं।
कार्यक्रम में सर्वश्री रामदास माहौर, हिमांशु माहौर, आकाश खरे, शिवांश और नेमी झा सहित बड़ी संख्या में स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, विद्यार्थी एवं नागरिक उपस्थित रहे।
रैली के दौरान प्रतिभागियों ने नशामुक्ति से संबंधित नारों और संदेशों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया। इस अवसर पर नशामुक्त समाज के निर्माण का संदेश भी दिया गया।
अभियान का मुख्य उद्देश्य समाज में नशे के प्रति जागरूकता बढ़ाकर स्वस्थ, सुरक्षित एवं सकारात्मक वातावरण का निर्माण करना है।
विश्लेषण
नशामुक्ति जागरूकता रैली के माध्यम से समाज में नशे के दुष्प्रभावों को लेकर जनजागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया गया। कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, स्वयंसेवी संस्थाओं, विद्यार्थियों और नागरिकों की भागीदारी इस अभियान को व्यापक जनसहभागिता से जोड़ती है।
अपर कलेक्टर द्वारा नशामुक्ति को सामाजिक आंदोलन बताया जाना इस दिशा में सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता को रेखांकित करता है।
प्रभाव
नशामुक्ति जागरूकता रैली और जागरूकता रथों के माध्यम से शहर के विभिन्न क्षेत्रों में लोगों तक नशे के दुष्प्रभावों से संबंधित संदेश पहुंचेंगे। इससे युवाओं और आमजन में जागरूकता बढ़ाने में सहायता मिल सकती है।
कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में स्वस्थ, सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण के निर्माण को प्रोत्साहित करना है, जिससे नशामुक्त समाज के निर्माण की दिशा में जनसहभागिता को बल मिल सके।
भविष्य की दिशा
नशामुक्ति सप्ताह के अंतर्गत चलाए जा रहे जागरूकता अभियान और रथों के शहर के विभिन्न क्षेत्रों में भ्रमण से भविष्य में भी जनजागरूकता को बढ़ावा देने के प्रयास जारी रहने की संभावना व्यक्त की गई है। समाज के विभिन्न वर्गों की भागीदारी इस दिशा में महत्वपूर्ण मानी गई है।
निष्कर्ष
ग्वालियर में आयोजित नशामुक्ति जागरूकता रैली का उद्देश्य युवाओं और आमजन को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना तथा नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए जनसहभागिता को बढ़ावा देना रहा। कार्यक्रम में प्रशासन, सामाजिक संस्थाओं और नागरिकों की सहभागिता देखने को मिली। अधिक समाचारों के लिए राजधानी सामना तथा वीडियो अपडेट के लिए हमारा यूट्यूब चैनल देखें।


