कलेक्ट्रेट की जन-सुनवाई में 145 आमजनों की समस्याओं की हुई सुनवाई
भूमिका
ग्वालियर – कलेक्ट्रेट में मंगलवार को हुई जन-सुनवाई में 145 आमजनों की समस्यायें सुनी गईं। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने जन-सुनवाई में पहुँचे लोगों को अपने कक्ष में बुलाकर सम्मानपूर्वक एक – एक कर समस्यायें सुनीं और उनके आवेदनों के निराकरण के लिये संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। कलेक्ट्रेट के सभागार में अपर कलेक्टर श्री कुमार सत्यम, अपर जिला दंडाधिकारी श्री सी बी प्रसाद सहित जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने आवेदकों की समस्यायें सुनीं और उनके आवेदनों के निराकरण की रूपरेखा तय की।
मुख्य तथ्य
कलेक्ट्रेट की जन-सुनवाई के दौरान कुल 145 आमजनों की समस्याओं को सुना गया। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने प्रत्येक आवेदक से सम्मानपूर्वक मुलाकात कर उनकी समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना तथा संबंधित अधिकारियों को आवेदनों के निराकरण के लिए आवश्यक निर्देश दिए। प्रत्येक आवेदन को उसकी प्रकृति के अनुसार संबंधित विभागों तक पहुंचाने की प्रक्रिया भी सुनिश्चित की गई।
कलेक्ट्रेट के सभागार में अपर कलेक्टर श्री कुमार सत्यम, अपर जिला दंडाधिकारी श्री सी बी प्रसाद तथा जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी आवेदकों की समस्याओं को सुना और उनके निराकरण की रूपरेखा तय की। सभी अधिकारियों ने प्राप्त आवेदनों का परीक्षण कर विभागवार आवश्यक कार्रवाई की दिशा तय की।
जन-सुनवाई में राजस्व, नगर निगम, बिजली तथा पुलिस विभाग से संबंधित विभिन्न प्रकार की समस्याएं प्राप्त हुईं। प्राप्त आवेदनों के आधार पर संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए तथा समयबद्ध निराकरण पर विशेष जोर दिया गया।
महत्वपूर्ण बिंदु
जमीन संबंधी समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए सभी एसडीएम एवं तहसीलदारों को निर्देश दिए गए। वहीं नगर निगम क्षेत्र की बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी शिकायतों के शीघ्र निराकरण के लिए नगर निगम अधिकारियों को भी आवश्यक हिदायत दी गई ताकि नागरिकों को राहत मिल सके।
जन-सुनवाई में मदद की उम्मीद लेकर पहुंचे जरूरतमंद लोगों के लिए नि:शुल्क इलाज की व्यवस्था भी कराई गई। जरूरतमंद आवेदकों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की दिशा में भी प्रशासन ने पहल की।
जन-सुनवाई के दौरान प्राप्त सभी मामलों को संबंधित विभागों के माध्यम से समय-सीमा में निराकृत करने की प्रक्रिया सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि प्रत्येक आवेदन पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाए।
विस्तृत जानकारी
जन-सुनवाई के दौरान कुल 145 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से 98 आवेदन दर्ज किए गए। शेष 47 आवेदन आवश्यक टीप के साथ संबंधित विभागीय अधिकारियों को समय-सीमा में निराकरण के लिए उपलब्ध कराए गए। सभी आवेदनों को उनके विषय के अनुसार संबंधित विभागों को भेजा गया।
संयुक्त कलेक्टर श्री सुरेश कुमार बरहादिया, एसडीएम झाँसी रोड श्री अतुल सिंह तथा जिला प्रशासन के अन्य अधिकारियों ने भी जन-सुनवाई में पहुंचे लोगों की समस्याएं सुनीं तथा आवश्यक कार्रवाई के लिए आवेदन प्राप्त किए। अधिकारियों ने संबंधित विभागों के समन्वय से निराकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ाने की रूपरेखा भी बनाई।
जन-सुनवाई में विभिन्न विभागों से जुड़े मामलों का परीक्षण कर उन्हें संबंधित अधिकारियों के माध्यम से आगे की प्रक्रिया के लिए भेजा गया। राजस्व, नगर निगम, बिजली तथा पुलिस विभाग से जुड़े मामलों को प्राथमिकता के आधार पर संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाया गया।
विश्लेषण
उपलब्ध जानकारी के अनुसार कलेक्ट्रेट की जन-सुनवाई में प्राप्त आवेदनों को संबंधित विभागों तक पहुंचाकर उनके निराकरण की प्रक्रिया तय की गई। विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतों को विभागवार कार्रवाई के लिए भेजा गया तथा जमीन, नगर निगम और अन्य विषयों पर आवश्यक निर्देश दिए गए। प्राप्त आवेदनों के आधार पर संबंधित अधिकारियों को समय-सीमा में कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।
प्रभाव
जन-सुनवाई के माध्यम से आमजनों को अपनी समस्याएं प्रशासन के समक्ष रखने का अवसर मिला। प्राप्त आवेदनों पर संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए तथा जरूरतमंद लोगों के नि:शुल्क इलाज की व्यवस्था भी कराई गई। साथ ही विभागीय अधिकारियों को समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। इससे विभिन्न विभागों से संबंधित मामलों के निराकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ी।
भविष्य की दिशा
प्राप्त 47 आवेदनों को संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक टीप के साथ समय-सीमा में निराकरण के लिए भेजा गया है। साथ ही जमीन संबंधी मामलों एवं नगर निगम क्षेत्र की समस्याओं के शीघ्र समाधान के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। संबंधित विभागों से अपेक्षा की गई है कि वे निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवश्यक कार्रवाई पूर्ण करें।
निष्कर्ष
कलेक्ट्रेट की जन-सुनवाई में कुल 145 आमजनों की समस्याएं सुनी गईं। प्राप्त आवेदनों पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए, विभिन्न विभागों के मामलों के निराकरण की रूपरेखा तय की गई तथा समय-सीमा में कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए गए। जमीन संबंधी मामलों, नगर निगम क्षेत्र की समस्याओं तथा अन्य विभागीय शिकायतों के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए। अधिक समाचारों के लिए राजधानी सामना तथा वीडियो अपडेट के लिए हमारा यूट्यूब चैनल देखें।


